Iran Opens Hormuz Strait with 3 Conditions, Sends Message to US and Israel
तेहरान से बड़ी कूटनीतिक खबर सामने आई है, जहां ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को सभी वाणिज्यिक जहाजों के लिए खोलने का ऐलान किया है, लेकिन इसके साथ ही तीन अहम शर्तें भी रख दी हैं। इस फैसले को अमेरिका और इजरायल के लिए एक रणनीतिक झटका माना जा रहा है।
ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने जानकारी देते हुए बताया कि लेबनान और इजरायल के बीच 10 दिन के युद्धविराम के बाद यह फैसला लिया गया है। उन्होंने कहा कि जलडमरूमध्य फिलहाल पूरी तरह खुला रहेगा, लेकिन जहाजों को ईरान द्वारा तय किए गए मार्गों का सख्ती से पालन करना होगा।
अराघची ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए स्पष्ट किया कि सभी जहाजों को ईरान के पोर्ट और समुद्री संगठन द्वारा पहले से निर्धारित रास्तों पर ही चलना होगा। इससे ईरान इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग पर अपना नियंत्रण बनाए रखना चाहता है।
Read Also: इजरायल-लेबनान के बीच 10 दिन का सीज़फायर, ट्रंप का बड़ा ऐलान
इस घोषणा के कुछ ही देर बाद Donald Trump ने भी इस पर प्रतिक्रिया दी और इसे साझा करते हुए कहा कि ईरान ने जलडमरूमध्य को खोलने की घोषणा की है। हालांकि उन्होंने यह भी साफ किया कि ईरान से जुड़े मामलों में अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी तब तक जारी रहेगी, जब तक सभी समझौते पूरी तरह लागू नहीं हो जाते।
अमेरिकी सैन्य अधिकारियों के मुताबिक, इस नाकेबंदी अभियान में 10,000 से ज्यादा सैनिक, कई युद्धपोत और विमान शामिल हैं, जो इसकी गंभीरता को दर्शाता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि भले ही जलडमरूमध्य खोल दिया गया हो, लेकिन जहाजों की आवाजाही सीमित और नियंत्रित रहेगी, क्योंकि उन्हें “समन्वित मार्गों” से गुजरना होगा और ईरानी तट के पास ही रखा जाएगा।
यह पूरा घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब इजरायल और लेबनान के बीच युद्धविराम लागू है, हालांकि इसकी स्थिरता को लेकर अब भी अनिश्चितता बनी हुई है।
इस बीच कूटनीतिक हलचल भी तेज हो गई है। डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिए हैं कि ईरान के साथ जल्द बातचीत हो सकती है और अगर अंतिम समझौता होता है तो वह पाकिस्तान की यात्रा भी कर सकते हैं।
गौरतलब है कि Strait of Hormuz दुनिया के सबसे अहम ऊर्जा मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति का करीब 20 प्रतिशत गुजरता है। ऐसे में यहां होने वाली हर हलचल का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर पड़ता है।
